मनेन्द्रगढ़। शहर के मनेन्द्रगढ़ क्षेत्र अंतर्गत जनगलों में पिछले लंबे समय से अवैध जुए का कारोबार खुलेआम संचालित होने का मामला सामने आ रहा है। हैरानी की बात यह है कि यह पूरा खेल मध्यप्रदेश की सीमा से महज कुछ ही दूरी पर स्थित कोसा बाड़ी में चल रहा है, बावजूद इसके अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। स्थानीय लोगों और सूत्रों के अनुसार, कोसा बाड़ी में प्रतिदिन 52 पत्तियों का जुआ खेला जा रहा है। इस जुए का संचालन एक स्थानीय व्यक्ति द्वारा किया जा रहा है, जिसे क्षेत्र में “52 पत्तियों का आशिक” कहा जाता है। रोजाना शाम करीब 4:00 बजे से 6:00 बजे तक यह अवैध जुए का अड्डा गुलजार रहता है। इस दौरान शहर सहित आसपास के ग्रामीण इलाकों से बड़ी संख्या में लोग यहां पहुंचते हैं और दांव पर हजारों रुपये लगाए जाते हैं। बताया जा रहा है कि जुए के कारण क्षेत्र का सामाजिक माहौल लगातार खराब हो रहा है। कई युवा और मजदूर वर्ग के लोग जल्दी पैसा कमाने के लालच में इस अवैध गतिविधि की गिरफ्त में आ रहे हैं, जिससे उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति भी प्रभावित हो रही है। स्थानीय रहवासियों का कहना है कि कई बार जुए के दौरान विवाद और झगड़े की स्थिति बन जाती है, जिससे कानून-व्यवस्था पर भी खतरा मंडराने लगा है।सूत्रों की मानें तो इस अवैध जुए की जानकारी कुछ पुलिसकर्मियों को भी है, लेकिन इसके बावजूद कार्रवाई न के बराबर है। इससे पुलिस की कार्यप्रणाली और निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। लोगों में यह चर्चा आम है कि यदि समय रहते इस पर सख्ती नहीं की गई, तो जुए का यह कारोबार और अधिक फैल सकता है। स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने जिला प्रशासन और पुलिस अधीक्षक से मांग की है कि कोसा बाड़ी में चल रहे इस अवैध जुए के अड्डे पर तत्काल छापा मारकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि क्षेत्र में कानून का भय बना रहे और सामाजिक माहौल को और बिगड़ने से बचाया जा सके।

0 टिप्पणियाँ